- चाणक्य

“मुर्गे से हमें ये बातें सीखनी चाहिए”

- चाणक्य

“समय पर सो कर उठना यह बात हमें मुर्गे से सीखनी चाहिए”

- चाणक्य

“युद्ध के लिए सदा तैयार रहना यह गुण भी मुर्गे से सिखने योग्य है।”

- चाणक्य

“अपने भाई बंधुओं को उचित हिस्सा देना। यह बात भी मुर्गे से  सीखनी चाहिए”

- चाणक्य

“स्वयं मेहनत करके भोजन करना ग्रहण करना यह भी मुर्गे से सीखना चाहिए।”

- चाणक्य

“प्रकृति हमे कोई न कोई गुण सिखाती रहती है। लेकिन हम उन्हें समझ नहीं पाते”

- चाणक्य

“प्रकृति हमे कोई न कोई गुण सिखाती रहती है। लेकिन हम उन्हें समझ नहीं पाते”

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